कंप्यूटर क्या है ? कंप्यूटर कितने प्रकार के होते है ? Types Of Computer

दोस्तों आपने कई तरह के कंप्यूटर देखे होंगे। कई कंप्यूटर आकार में बहुत छोटे होते है, तो कई कंप्यूटर बहुत बड़े। कई कंप्यूटर बिजली से चलते है तो कई बैटरी से। कई कंप्यूटर को एक जगह से दूसरे जगह पर नहीं ले जाया जा सकता लेकिन कई कंप्यूटर को आसानी से एक जगह से दूसरे जगह पर ले जाया जा सकता है। ऐसे में यदि आपके मन में यह सवाल हो की कंप्यूटर क्या होते है (What Is Computer) और कंप्यूटर कितने प्रकार के होते है (Types Of computer) तो आप यह पोस्ट जरूर पढ़े।

कंप्यूटर क्या है ? (What Is Computer)

कंप्यूटर का इतिहास बहुत पुराना है। सबसे पहले कंप्यूटर को गणना करने के लिए गणना करने के लिए विकसित किया गया था। लेकिन आज कंप्यूटर लगभग दुनिया की सभी फिल्ड में कार्य करता है। कंप्यूटर एक इलेक्ट्रॉनिक संयंत्र है जो संख्यात्मक या तार्किक आकड़ो को तीव्र गति से, सटीकता तथा यथार्थता के साथ संचित, नियंत्रित एवं संसाधित कर सकता है। इसी कारण से कंप्यूटर को गणना करने वाली मशीन माना गया है। परन्तु आधुनिक युग में इसका कार्यक्षेत्र काफी विस्तृत और व्यापक हो गया है।

कंप्यूटर शब्द की उत्पति लैटिन भाषा के “comput” शब्द से हुई है, जिसका अर्थ है गणना करना।

कंप्यूटर की परिभाषा (Definition Of Computer)

“COMPUTER एक इलेक्ट्रॉनिक डिवाइस है, जिसका उपयोग गणना करने, डाटा को स्टोर करने, व्यवस्थित करने और पुनः प्राप्त करने तथा अन्य मशीनो को कंट्रोल करने के लिए किया जाता है।”

दूसरे शब्दों में कहे तो – “कंप्यूटर एक इलेक्ट्रॉनिक उपकरण है जो यूजर द्वारा दी जा रही सूचनाओं पर, क्रिया कर परिणाम देता है।”

कंप्यूटर का वर्गीकरण (Types Of Computer)

कंप्यूटर का उपयोग विभिन्न क्षेत्रो में, विभिन्न प्रकार के कार्यो के लिए किया जाता है, सभी कम्प्यूटर की मूल डिजाइन समान होने के बाद भी अपने उद्देश्य एवं क्षमता के अनुसार कंप्यूटर अनेक प्रकार के होते है। अतः कंप्यूटर को इसके डिजाइन, आकर, क्षमता तथा उद्देश्यो के आधार पर वर्गीकरण करना ही सही होगा।

उपयोग के आधार पर कंप्यूटर के प्रकार Types of Computers Based on Use

एनालॉग कम्प्यूटर ANALOG COMPUTER – ये दाब, तापमान, लम्बाई इत्यादि जैसी भौतिक राशियों को मानकर उन्हें उनके संख्यात्मक मान में बदलते है। इसका उपयोग मुखयतः वैज्ञानिक एवं अभियांत्रिकी उद्देश्य के लिए होता है।

डिजिटल कंप्यूटर DIGITAL COMPUTER – संख्या, अक्षर या अन्य विशेष प्रतिको की गिनती में इनका प्रयोग होता है ओटोमोबाइल में ईंधन के नियंत्रण, बैंकिंग सिस्टम इत्यादि में प्रयोग होता है।

हाइब्रिड कंप्यूटर HYBRID COMPUTER – ये एनालॉग एवं डिजिटल कंप्यूटरो के संयुक्त रूप होते है। इनमे इनपुट के रूप में प्राप्त होने वाली कोई भी सूचना लगातार आकड़ो में बदलकर दिखाई जाती है तथा आउटपुट भी एनालॉग के साथ-साथ अंकीय होता है। इनका उपयोग कारखानों, मशीनों इत्यादि में किया जाता है। हाइब्रिड कंप्यूटर का सर्वाधिक उपयोग चिकित्सा के क्षेत्र में किया जाता है।

आकार एवं क्षमता के आधार पर कम्प्यूटर के प्रकार Types of Computer Based on Size and Capacity

माइक्रो कंप्यूटर MICRO COMPUTER – ये आकर में बहुत छोटे होते है और माइक्रो प्रोसेसर के साथ इनपुट/आउटपुट तथा भण्डारण उपकरण जोड़कर तैयार किये जाते है। माइक्रो प्रोसेसर वास्तव में एक पूरी सी.पी.यू. होती है। जो एक छोटी-सी चिप पर समा जाती है। आजकल के सभी पीसी (Computer) इसी श्रेणी में आते है। ये आकर में इतने छोटे होते है की एक मेज पर भी रखे जा सकते है। इन पर एक बार एक ही व्यक्ति काम कर सकता है। इनकी कीमत कुछ हजार में होती है। इनकी मेमोरी का आधार 16 मेगाबाइट से लेकर 256 मेगाबाइट या अधिक भी हो सकता है।

मिनी कंप्यूटर MINI COMPUTER – ये आकर में माइक्रो कंप्यूटर से कुछ बड़े और क्षमता में अधिक होते है। इनकी मुख्य मेमोरी का आकर 64 मेगाबाइट से लेकर 512 मेगाबाइट या अधिक भी हो सकता है। इन पर एक साथ कई लोग कार्य कर सकते है और एक साथ कितने भी प्रोग्राम चल सकते है। इन कंप्यूटरो में विशेष आवश्यकता के अनुसार डिस्क ड्राइव, प्रिंटर आदि अलग से जोड़े जा सकते है। इनका मूल्य साधारण तौर पर बड़ी कम्पनियो द्वारा वहन करने योग्य होता है।

मेनफ्रेम कंप्यूटर MAINFREME COMPUTER – ये आकर में मिनी कंप्यूटर से काफी बड़े और इनकी क्षमता बहुत अधिक होती है। इनकी मुख्य मेमोरी का आकर 256 मेगाबाइट से लेकर 2 गीगाबाइट तक होता है। इन पर एक साथ सैकड़ो व्यक्ति कार्य कर सकते है। इन कंप्यूटरो के लिए रूम को एयरकण्डीशनिंग करना अनिवार्य होता है। इनमे ऑनलाइन डाटा स्टोरेज की विशेष सुविधा होती है। इन कंप्यूटर का मूल्य बहुत अधिक होता है। इन मेनफ्रेम कंप्यूटरो का उपयोग एयरलाइनो में टिकिट बुकिंग, प्रसारण, विज्ञापन, विक्रय, केन्द्रीकृत वेतन-गणना प्रणाली, उत्पादन नियोजन एवं नियंत्रण आदि महत्वपूर्ण कार्यो में किया जाता है।

सुपर कंप्यूटर SUPER COMPUTER – ये कंप्यूटर आकर में बहुत बड़े और गति में मेनफ्रेम कंप्यूटरो से भी सैकड़ो-हजारो गुना तेज होते है। जिसमे कोई गणना अलग-अलग चरणों में करने के बजाय इस प्रकार एक साथ की जाती है की जल्दी पूर्ण हो जाये। ये ऐसे कार्यो में प्रयोग किये जाये है, जिसमे लम्बी और जटिल गणनाएँ करनी पड़ती है, जैसे-मौसम अनुमान, अंतरिक्ष यान, उपग्रह प्रक्षेपण, मिसाइल निर्माण, परमाणु विस्फोट आदि। इनकी कीमत भी कई करोड़ रुपयो में होती है।

सुपर कंप्यूटर बनाने वाली प्रमुख कम्पनियो के नाम – क्रे रिसर्च, आई.टी.ए. सिस्टम, हिताची ,एन.इ.सी. आदि। इनके द्वारा बनाये गए कुछ प्रमुख सुपर कंप्यूटर CRAY 1, CRAY 2, CRAY X-MP, CRAY 3, I.T.A.आदि है। भारत में भी परम 1000 तथा CRAY-XMP 14 नामक पूर्णतः स्वदेशी सुपर कंप्यूटर बनाए है।

लैपटॉप LAPTOP – वर्तमान में नए तकनीकी विकास ने माइक्रो कंप्यूटर का आकार इतना कम कर दिया है की उन्हें आसानी से इधर-उधर ले जाया जा सकता है और साधारण व्यक्ति भी उनको खरीदकर उपयोग में ला सकता है। ऐसे कंप्यूटरो को लैपटॉप कंप्यूटर कहा जाता है। इनका आकार एक बड़ी किताब के बराबर होता है और वजन 3 किलोग्राम से 5 किलोग्राम तक होता है। इनमे बिजली की सप्लाई एक बैटरी के द्वारा की जाती है, जिसको साधारण घरेलु बिजली द्वारा रिचार्ज किया जा सकता है। लैपटॉप कंप्यूटर को कभी-कभी नोटबुक कंप्यूटर भी कहा जाता है।

आजकल पुराने समय के मिनी तथा मेनफ्रेम कंप्यूटर की संख्या गिनी-चुनी रह गई है। इनके स्थान पर प्रायः कई माइक्रो कंप्यूटर के ऐसे समूह का उपयोग किया जाता है, जो सामान्यतः स्वतंत्र रूप से कार्य करते है, लेकिन आपस में जुड़े रहकर एक नेटवर्क का निर्माण करते है। इन कम्पूटरो में से सर्वाधिक क्षमता वाले कंप्यूटर को सर्वर बना लिया जाता है तथा शेष सभी को क्लाइंट या नोड कहा जाता है। सर्वर और क्लाइंट आपस में एक हब के माध्यम से जुड़े रहते है। इस प्रकार नेटवर्क बनाने से किसी भी कंप्यूटर से जुड़े साधनो का नेटवर्क अन्य सभी कंप्यूटर के साथ साझा करने में संभव हो जाता है।

उद्देश्य के आधार पर कंप्यूटर के प्रकार types of computer on the basis of purpose

सामान्य उददेशीय कंप्यूटर – सामान्य उद्देश्यों की पूर्ति के लिए इन कंप्यूटर का प्रयोग किया जाता है। इनके द्वारा दस्तावेज तैयार करने, उन्हें छापने, डाटाबेस बनाने तथा शब्द प्रक्रिया द्वारा पत्र तैयार करने, इत्यादि सामान्य कार्य किये जाते है।

विशिष्ट उद्देशीय कंप्यूटर -विशिष्ट उद्देशीय की पूर्ति के लिए इन कंप्यूटरो का प्रयोग किया जाता है। इनका उपयोग अंतरिक्ष विज्ञान, मौसम विज्ञान, उपग्रह संचालन, यातायात नियंत्रण, कृषि विज्ञान, इंजीनियरिंग, भौतिक तथा रासायनिक विज्ञान में शोध इत्यादि क्षेत्रो में विशिष्ट उद्देश्यो के लिए किया जाता है। इनमे प्रयोग किये गए CPU की क्षमता अत्यधिक तीव्र होती है, जसके कारण विशिष्ट उद्देस्य की पूर्ति होती है।

तो दोस्तों उम्मीद करता हूँ आज की इस पोस्ट से आपको कंप्यूटर क्या होते है (What Is Computer) और कंप्यूटर कितने प्रकार के होते है (Types Of computer) यह समझ आ गया होगा। यदि इससे जुड़े आपके कोई सवाल होंगे तो कमेंट्स जुरूर करे।

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